आज लाखो रुपये बेकार है वो एक रुपये के सामने
जो ‪माँ‬ स्कूल जाते वक्त देती थी.

कभी आपके माँ-बाप आपको डाँट दे तो बुरा न मानना…. बल्कि सोचना की गलती होने पर वे नहीं डाँटेगे तो और
कौन डाँटेगा।

बूढी हुइ मा तो हाथ पकडने को शरमाते हो, भूल गये बचपन मे गोद मे बेठके रोटी खाइ है…

नींद अपनी भुलाकर सुलाया हमको ,
आँसू अपने गिराकर हँसाया हमको ,
दर्द कभी ना देना उसे ,
खुदा भी कहता है माँ जिसे

मन की बात जान ले जो आँखों से पढ़ ले जो दर्द हो चाहे ख़ुशी आंसू की पहचान कर ले जो वो हस्ती जो बेपन्हा
प्यार करे माँ ही तो है वो जो बच्चो के लिए जिए…

मैं सब कुछ ‪भूल‬ सकता हूँ…तुम्हे नहीं माँ ,‪मुस्कुराने‬ की वजह ‪सिर्फ‬ तुम हो।

जिस घर में ‎माँ‬ की कदर नहीं होती
उस घर में कभी बरकत नहीं होती.

फना कर दो अपनी सारी जिन्दगी अपनी ‪#‎माँ‬ के कदमो में दोस्तों,
दुनिया में यही एक मोहब्बत है जिस में बेवफाई नही मिलती.

जिस बेटे के पहली बार बोलने पर खुशी से चिल्ला उठी थी जो ‪#‎माँ‬,
आज उसी बेटे की एक आवाज पर खामोश हो जाती है…वो।🌷 #माँ

कमा के इतनी दोलत भी मैं अपनी ‪‎माँ‬ को दे ना पाया,
के जितने सिक्कों से #माँ मेरी नज़र उतारा करती थी.

सब कुछ मिल सकता हैँ. पर ‪माँ‬ जैसा
‪Pyaar‬ नहीँ.

अपनी संतान के लिए माँ कुछ भी कर सकती है।

न अपनों से खुलता है, न ही गैरों से खुलता है. ये जन्नत का दरवाज़ा है, माँ के पैरो से खुलता है !!

माँ से बढ़ कर कोई गुरु नहीं होता।

मैं सब कुछ ‪भूल‬ सकता हूँ…तुम्हे नहीं माँ
‪मुस्कुराने‬ की वजह ‪सिर्फ‬ तुम हो.

1 2